Darbhanga News: मिथिलांचल और राजस्थान के बीच रेल संपर्क को नई मजबूती देते हुए जयपुर (खातीपुरा)-दरभंगा अमृत भारत एक्सप्रेस का विधिवत शुभारंभ कर दिया गया। इस अवसर पर दरभंगा के सांसद गोपाल जी ठाकुर ने इसे केवल एक नई ट्रेन नहीं, बल्कि दो समृद्ध संस्कृतियों और अर्थव्यवस्थाओं को जोड़ने वाला ऐतिहासिक कदम बताया।
उद्घाटन समारोह में केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने हरी झंडी दिखाकर ट्रेन को रवाना किया। कार्यक्रम में राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा, उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी, बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी तथा दरभंगा सांसद गोपाल जी ठाकुर भी उपस्थित रहे।
🚆 सांसद गोपाल जी ठाकुर का खास संदेश
ट्रेन के शुभारंभ के बाद सांसद गोपाल जी ठाकुर ने सोशल मीडिया पर अपनी खुशी व्यक्त करते हुए लिखा—
🗣️ “अब जयपुर में मिलेगा मिथिला का मखाना, और मिथिला तक पहुंचेगा जयपुर का स्वादिष्ट घेवर।”
उन्होंने कहा कि यह रेल सेवा केवल यात्रियों की सुविधा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह मिथिला और राजस्थान के बीच सांस्कृतिक, सामाजिक और व्यापारिक संबंधों को भी नई गति प्रदान करेगी।
🥜 मखाना से जुड़ी विकास की नई कहानी
मिथिला का मखाना आज अंतरराष्ट्रीय बाजार में अपनी पहचान बना चुका है। वहीं राजस्थान का प्रसिद्ध घेवर देशभर में अपनी अलग लोकप्रियता रखता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि नई रेल सेवा शुरू होने से दोनों क्षेत्रों के स्थानीय उत्पादों को नए बाजार मिलेंगे। इससे छोटे व्यापारियों, किसानों और उद्यमियों को भी लाभ पहुंच सकता है।
मखाना, मिथिला पेंटिंग, पान और अन्य स्थानीय उत्पाद अब राजस्थान के बड़े बाजारों तक अधिक आसानी से पहुंच सकेंगे। वहीं राजस्थान के हस्तशिल्प, मिठाइयां और अन्य उत्पाद मिथिलांचल के बाजारों में पहुंचेंगे।
🌍 पर्यटन और रोजगार को मिलेगा बढ़ावा
रेलवे अधिकारियों के अनुसार यह ट्रेन बिहार, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कई महत्वपूर्ण शहरों को जोड़ते हुए चलेगी। इससे रोजगार, शिक्षा, व्यवसाय और पर्यटन के लिए यात्रा करने वाले यात्रियों को बड़ी सुविधा मिलेगी।
राजस्थान में काम करने वाले मिथिलांचल के हजारों परिवारों को अब बेहतर रेल कनेक्टिविटी उपलब्ध होगी। वहीं राजस्थान के लोगों के लिए भी मिथिला क्षेत्र तक पहुंचना पहले की तुलना में आसान हो जाएगा।
🚉 छह दिन चलेगी अमृत भारत एक्सप्रेस
रेलवे द्वारा जारी जानकारी के अनुसार खातीपुरा-दरभंगा अमृत भारत एक्सप्रेस सप्ताह में छह दिन संचालित होगी। यह ट्रेन दौसा, भरतपुर, आगरा, कानपुर, गोरखपुर, नरकटियागंज, रक्सौल, सीतामढ़ी, जनकपुर रोड और कमतौल सहित कई प्रमुख स्टेशनों पर ठहरेगी।
ट्रेन में स्लीपर और सामान्य श्रेणी के कुल 22 कोच लगाए गए हैं, जिससे बड़ी संख्या में यात्रियों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
✨ दो राज्यों को जोड़ने वाली नई रेल कड़ी
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह ट्रेन सिर्फ एक परिवहन सुविधा नहीं बल्कि दो राज्यों के बीच रिश्तों को मजबूत करने वाली नई कड़ी है।
मिथिला के लोगों को उम्मीद है कि अमृत भारत एक्सप्रेस आने वाले समय में व्यापार, पर्यटन और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को नई ऊंचाई तक पहुंचाने का काम करेगी।
🗣️ “यह ट्रेन केवल यात्रियों को नहीं, बल्कि मखाना और घेवर के जरिए दो संस्कृतियों को भी जोड़ रही है।”
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